ढूंढने गये समाजवादी इत्र वाले पुष्पराज जैन को, ढूंढ निकाला ‘अपने’ पियूष जैन को

अखिलेश का पलटवार, बोले खीज मिटाने के लिए पड़ा छापा

 

लखनऊ/ कन्नौज। यूपी के पूर्व चीफ मिनिस्टर अखिलेश यादव ने कन्नौज में पत्रकार वार्ता कर कहा कि गये थे समाजवादी इत्र बनाने वाले पुष्पराज जैन को ढूंढने और ढूंढ निकाले ‘अपने’ पियूष जैन को। जबकि दोनों अलग-अलग हैं। पियूष जैन का समाजवादी पार्टी से कोई नाता नहीं है।
पुष्पराज जैन के ठिकानों पर हो रही छापेमारी पर अखिलेश यादव ने कहा कि यह सब खीज मिटाने के लिए हो रहा। गलत आदमी को पकड़ लिया। अखिलेश यादव ने कहा कि ये भारतीय जनता पार्टी के लोग, नफरत की दुर्गंध फैलाने वाले, सौहार्द की सुगंध को कैसे पसंद करेंगे। ये लोग समाजवादी पार्टी को बदनाम करना तो चाहते ही हैं लेकिन दुख इस बात का है कि लखनऊ से लेकर दिल्ली वाले तक इस कन्नौज, जिसकी पहचान दुनिया में है, उसको बदनाम करने में लगे हैं। अखिलेश यादव ने कहा, जिस जगह पहले छापा मारा इन्होंने उससे समाजवादी पार्टी का कोई रिश्ता नहीं है। पहली बार जिस पर छापा पड़ा उससे भारतीय जनता पार्टी के लोगों का संबंध है। भारतीय जनता पार्टी बताए कि इतने बड़े पैमाने पैसा कैसे निकला। भारतीय जनता पार्टी ने बताया था कि नोटबंदी के बाद काला धन नहीं आएगा, नोटबंदी के बाद इस तरह का पैसा कोई इक_ा नहीं कर पाएगा। जीएसटी के समय दावा किया गया कि इससे व्यापार सरल हो जाएगा। इनकी बड़ी-बड़ी योजनाएं फेल हो गईं। एसपी चीफ ने बीजेपी को निशाने पर लेते हुए कहा, ‘ ढूंढने गए थे समाजवादी इत्र बनाने वाले पुष्पराज जैन को, ढूंढ निकाला उन्होंने अपने ही सहयोगी, साथी, समर्थक पीयूष जैन को।’ और अपनी खीझ मिटाने के लिए, जो उनसे गलती हुई, उस गलती को समेटने के लिए अब छापा मारा है पुष्पराज जैन पर। इनके साथ-साथ कई और भी लपेटे में आ गए हैं क्योंकि भारतीय जनता पार्टी को दिखाना है कि हम निष्पक्ष हैं, हम एक जगह छापा नहीं मार रहे हैं। अखिलेश ने कन्नौज को लेकर कहा, कि कन्नौज की अपनी पहचान इत्र की रही है। कन्नौज इत्र के लिए राजधानी है, यह सुगंध की राजधानी है। अखिलेश यादव ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने कन्नौज का सत्यानाश कर दिया है। कन्नौज में कोई भी बड़ काम विकास का नहीं हुआ है। अगर कन्नौज में विकास का कोई बड़ा काम हुआ है तो कोई हमें भी बताये।