15 को मनेगा मकर संक्रांति का पर्व

गोरखपुर। मकर संक्रांति का त्योहार श्रद्धा एवं उल्लास के साथ 15 जनवरी को मनाया जाएगा। गोरखनाथ मन्दिर में मुख्यमंत्री गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ शिवावतारी बाबा गोरखनाथ श्रद्धा की पवित्र खिचड़ी चढ़ाएंगे। इसके साथ ही श्रद्धालुओं के खिचड़ी चढ़ाने का सिलसिला शुरू हो जाएगा। मकर संक्रान्ति के बाद दूसरे मंगलवार 25 जनवरी को बुढ़वा मंगल मनाया जाएगा। खिचड़ी के मेले के लिए गोरखनाथ मंदिर परिसर का मेला ग्राऊंड और पूरा परिसर श्रद्धालुओं के स्वागत के लिए तैयार है। जगत पिता भगवान सूर्य इस तिथि को उत्तरायण में प्रवेश करेंगे इसी के साथ सभी मांगलिक एवं पुण्य कार्य इस पवित्र तिथि से प्रारम्भ हो जाएंगे। गोरखनाथ मंदिर के प्रधान पुजारी योगी कमलनाथ ने मंगलवार को बताया कि शुभ विक्रम संवत् 2078 शक 1943 पौषमास शुक्लपक्ष 14 जनवरी द्वादशी तिथि दिन शुक्रवार को रात्रि समय 8 बज कर 49 मिनट पर सूर्य धनु राशि से मकर राशि में प्रवेश कर रहा। इसलिए इस वर्ष मकर संक्रान्ति का महापर्व निर्विवाद से 15 जनवरी मनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि धनुराशि से मकर राशि में संक्रमण ही ‘मकर संक्रान्ति कहलाता है। मकर संक्रान्ति के दिन स्नान, दान का महत्व शास्त्रों में विशेष रूप से वर्णित है जिसमें चावल, घी, कम्बल, सुवर्ण, गौ आदि प्रमुख है। इस महापर्व को विभिन्न प्रान्तों में खिचड़ी, मकर संक्रान्ति ,पोन्गल, लोहड़ी नामों से मनाया जाता हैं। उत्तर प्रदेश, बिहार और देश के विभिन्न भागों के साथ पड़ोसी राष्ट्र नेपाल से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुजन शिवावतारी भगवान गोरखनाथ को अपनी पवित्र खिचड़ी चढ़ाने आएंगे।
लाखों की संख्या में आने वाले श्रद्धालुजनों की सुरक्षा एवं सुविधा का विशेष ध्यान रखते हुए पूरी तैयारी की गई है। योगी कमलनाथ के मुताबिक मकर संक्रान्ति पर्व परम्परागत रूप से 14 जनवरी को आम श्रद्धालुजन मनाता आया है। दूरदराज और ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते है। इस दृष्टि से 13 जनवरी के दोपहर बाद से ही आने वाले श्रद्धालुओं को परिसर में रूकने की व्यवस्था धर्मशाला और अन्य स्थलों पर की गई है।