आरटीओ विभाग की मिलीभगत से चला रहे थे ओवरलोड ट्रकें, गैंग के 6 सदस्य गिरफ्तार

गोरखपुर। एसटीएफ ने अवैध वसूली कर करोड़ो रूपये राजस्व की क्षति पहुंचाकर वाहनों को पास कराने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए सरगना धर्मपाल सिंह व मनीष सिंह उर्फ सिब्बू सिंह सहित गैंग के 6 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आज 24 जनवरी को एसटीएफ ने बड़ा खुलासा किया। गिरफ्तार अभियुक्तों में धर्मपाल सिंह पुत्र स्व राम सिंह ग्राम-मेहरौली थाना बेलीपार,गोरखरपुर। मनीष सिंह उर्फ सिब्बू सिंह पुत्र बमबहादुर सिंह ग्राम मेहरौली,गोरखरपुर। विवेक सिंह उर्फ सिक्कू सिंह जनपद गोरखरपुर,शैलेष मल्ल पुत्र स्व श्रशिकेश्वर मल्ल देवरिया। श्रवण कुमार गौड़ पुत्र श्री सोमई प्रसाद थाना बेलीपार, गोरखरपुर,रामसजन पासवान पुत्र रामदेव, गोरखरपुर शामिल हैं।

इनके पास से बरामदगी
1- 01 अदद रेनॉल्ट डस्टर कार नंबर-यू0पी0 53 बी0एस0 2001
2- 01 अदद महिन्द्रा स्कापियों गाड़ी नंबर-यू0पी0-53 डीएस-8224
3- 12 अदद मोबाइल फोन।

अवैध वसूली की रकम बरामद हुई है। अभियुक्तों को मधुबन ढाबा से पकड़ा गया है। विगत काफी दिनों से उत्तर प्रदेश में पूर्वांचल के जनपदों में संगठित गैंगो के सक्रिय होकर सड़क मार्ग पर भारी एवं ओवर लोड वाहनों से आर0टी0ओ0 विभाग के अधिकरियों/कर्मचारियों की मिलीभगत से अवैध वसूली कर राजस्व की क्षति पहुंचाकर वाहनों को पास कराये जाने की सूचनायें प्राप्त हो रहीं थीं। शासन द्वारा इसकी जांच एसटीएफ गोरखपुर से कराई जा रही थी। पता लगा कि विभिन्न जनपदों के हाइवे पर ओवर लोड ट्रको से अवैध वसूली करने वाला एक गिरोह सक्रिय है, जिसका सरगना धर्मपाल सिंह है, जो आरटीओ विभाग के अधिकरियों/कर्मचारियों की मिलीभगत से अवैध वसूली कर ओवर लोड ट्रकों के आवागमन में मदद करता है। सूचना प्राप्त हुई कि इस गैंग का सरगना धर्मपाल सिंह अपने कुछ सदस्यों के साथ मधुबन होटल ढाबा पर मौजूद है तथा मनीष सिंह उर्फ सिब्बू सिंह, सिब्बू सिंह ढाबा पर मौजूद है तथा अवैध वसूली का हिसाब कर रहें है।
उक्त सूचना पर विश्वास कर निरीक्षक श्री सत्य प्रकाश सिंह के नेतृत्व में एसटीएफ गोरखपुर की टीम उक्त मधुबन होटल ढाबा पर पहुंची तो सरगना धर्मपाल सिंह अपने गैंग के सदस्यों के साथ मौजूद दिखा। जिन्हें एसटीएफ टीम ने गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार अभियुक्तगणों ने बताया कि इनका एक संगठित गिरोह है, जो पूर्वांचल के विभिन्न जनपदों गोरखपुर, बस्ती, बलिया, गाजीपुर, देवरिया, कुशीनगर,महराजगंज, सन्तकबीरनगर चन्दौली, भदोही, मिर्जापुर,सोनभद्र,आजमगढ़, मऊ आदि जनपदों में सक्रिय है और जनपद के सड़क मार्ग पर सम्बंधित जनपद के आरटीओं विभाग के अधिकारियों/कर्मचारीगण के मिलीभगत से ड्राइवरों को ओवर लोड वाहन पास कराने में मदद करते हैं। इसके एवज में प्रति ट्रक के हिसाब से प्रतिमाह ट्रक मालिकों से अवैध रूप से पैसा वसूलते हैं। इसमें से कुछ हिस्सा गैंग के सदस्यों का होता है। इस अवैध लेनदेन का हिसाब किताब रजिस्ट्र में ट्रक/डीसीएम/पिकअप/ट्रेलर वार, माहवार/वर्षवार अंकित रहता है। अवैध वसूली के उपरान्त प्रतिमाह जनपदवार ट्रक/ डीसीएम/पिकअप/ट्रेलर की सूची बनाकर एक व्यक्ति आर०टी०ओं विभाग का हिस्सा लेकर सम्बंधित जनपद जाकर उनका
हिस्सा नकद में दे देता है। कुछ ट्रक की वसूली का पैसा बैक खाते में आता है। विभिन्न जनपद का ओवरलोड पास कराने का रेट प्रति ट्रक/डिसीएम/पीकअप/टेलर का अलग-अलग है, जो प्रति वाहन 2500 से 4500 है। कुछ प्राइवेट चालकों और सिपाहियों द्वारा भी वसूली की जाती है।

Live Cricket Live Share Market

जवाब जरूर दे 

आप अपने सहर के वर्तमान बिधायक के कार्यों से कितना संतुष्ट है ?

View Results

Loading ... Loading ...

Related Articles

Back to top button
Close
Close