अयोध्या में नव संवत्सर के पहले दिन बदली गई श्री राम मंदिर के गर्भ गृह की ध्वजा, विधि विधान से हुआ पूजन

अयोध्या। रामनगरी अयोध्या में भगवान श्रीराम के मंदिर के निर्माण का काम तेजी से चल रहा है। इसी दौरान शनिवार को हिंदू नववर्ष यानी नव संवत्सर के पहले दिन यहां पर राम मंदिर के गर्भ गृह की ध्वजा भी बदली गई।
ध्वजा के बदले जाने के अवसर पर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पदाधिकारी भी मौजूद थे। इन सभी ने वैदिक पूजन के बाद निर्माणाधीन गर्भ गृह स्थल पर लगी धर्म ध्वजा को बदला। निर्माणाधीन स्थल पर आज नवीन ध्वजा ट्रस्ट के पदाधिकारी और कार्यदायी संस्था के इंजीनियरों की मौजूदगी में फहराई गई। इस मौके पर आचार्य नारद भट्टाराई तथा दुर्गा प्रसाद गौतम ने वैदिकविधान से ध्वज का पूजन अर्चन कराया। इस कार्यक्रम के दौरान इस दौरान प्रजेक्ट मैनेजर जगदीश आफले, विनोद शुक्ल तथा विनोद मेहता आदि उपस्थित रहे।
इससे पहले मुख्यमंत्री के रूप में अपना दूसरा कार्यकाल प्रारंभ करने वाले योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को पहली बार अयोध्या के दौरे पर पहुंचे थे। 25 मार्च को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के हफ्ते भर के अंदर ही अयोध्या पहुंचे योगी आदित्यनाथ ने श्रीराम लला मंदिर के साथ ही हनुमान गढ़ी में भी दर्शन-पूजन किया।
इसके साथ ही उन्होंने अयोध्या मंडल के अधिकारियों के साथ मंदिर के निर्माण कार्य की प्रगति तथा अयोध्या के विकास कार्य और कानून-व्यवस्था की भी समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने रामलला का दर्शन करने के बाद रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रसट के महासचिव चंपतराय बंसल के साथ मंदिर निर्माण कार्य का अवलोकन भी किया। यहां पर मंदिर निर्माण का काम 15 जनवरी 2021 से ही चल रहा है। इन दिनों मंदिर के अधिष्ठान का काम चल रहा है।
यहां पर नींव निर्माण के बाद प्रस्तावित मंदिर की चार फीट लंबी एवं तीन सौ फीट चौड़ी सतह पर निर्माणाधीन अधिष्ठान 21 फीट ऊंचा होगा। अधिष्ठान निर्माण जून माह तक पूरा होने की उम्मीद है। इसके बाद यहां पर पहले से तराश कर रखी गई शिलाओं का राम मंदिर के रूप में संयोजन शुरू होगा।