अल्पसंख्यक मंत्री ने हज यात्रियों को दिखाई हरी झंडी, 377 हज यात्रियों का पहला जत्था हुआ रवाना

लखनऊ। कोरोना संक्रमण के कारण बीते दो वर्ष से हज यात्रा पर लगी रोक हटने के बाद अब हज पर जाने वालों की भीड़ उमड़ रही है। यूपी के काफी हज यात्री तो नई दिल्ली से जाएंगे, लेकिन 377 हज यात्रियों का पहला जत्था सोमवार को लखनऊ से रवाना हो गया। लखनऊ के चौधरी चरण सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट से प्रदेश के अल्पसंख्यक मंत्री दानिश आजाद अंसारी और राज्य हज कमेटी के अध्यक्ष मोहसिन रजा ने आज सुबह हज यात्रियों का पहला ग्रुप रवाना किया।

बता दें लखनऊ से पहली फ्लाइट हज के लिए रवाना हो गई है। आज से 15 जून तक लगातार हज यात्री उड़ान भरेंगे। लखनऊ से कुल 4901 यात्री हज करने जाएंगे। देश में सर्वाधिक यात्री उत्तर प्रदेश से हज यात्रा करने के लिए जाएंगे। इस बार उत्तर प्रदेश को हज यात्रा के लिए 12 हजार लोगों का कोटा मिला है।
उत्तर प्रदेश राज्य हज समिति के अध्यक्ष मोहसिन रजा ने बताया कि यूपी से हज पर जाने वाले आजमीनों (हज यात्री) के लिए पहली फ्लाइट छह जून को रवाना हो गई। हज हाउस से इनके लिए पूरी तैयारी कर ली गई थी। अमौसी एयरपोर्ट से मदीना (सऊदी अरब) के लिए विमान रवाना हुआ है। हज यात्रा पर जा रहे यात्रियों के साथ हज सेवक भी गए हैं और इस बार हज सेवकों का चयन लाटरी के माध्यम से किया गया है। इस बार कुल 50 हज सेवक ही हज यात्रियों के साथ यात्रा करेंगे।
हज कमेटी की गाइडलाइंस के अनुसार, 65 वर्ष से अधिक उम्र वाले आवेदकों का आवेदन निरस्त कर दिया गया है। वृद्ध लोगों को यात्रा ना करने की हिदायत दी गई है। जिन लोगों को हज यात्रा की अनुमति मिली है, उनके दोनों कोविड-19 का टीकाकरण पूर्ण होने चाहिए। इतना ही नहीं हज कमेटी आफ इंडिया ने हज यात्रियों को सामान ले जाने के लिए मानक भी तय किए हैं। हज कमेटी की तरफ से हज यात्रियों को उनके आवासीय पते पर स्टैंडर्ड किस्म के दो बैग भी दिए जाएंगे ताकि हज यात्रियों को एयरपोर्ट और हवाई जहाज पर असुविधा का सामना ना करना पड़े।